Category: देश-विदेश

  • काम का बहाना बनाकर गर्भवती पत्नी को छोड़कर पति फरार

    काम का बहाना बनाकर गर्भवती पत्नी को छोड़कर पति फरार

    अबोहर (फाजिल्का)। शहर के मोहल्ला चंडीगढ़ में रहने वाली गर्भवती महिला को उसका पति करीब एक माह पहले छोड़कर चला गया, लेकिन वापस नहीं आया। वहीं, दूसरी ओर किराये पर रहने वाली महिला द्वारा किराया अदा न करने पर मकान मालिक ने उसे रात को दो बच्चों सहित घर से निकाल दिया।
    महिला को आसपास के लोगों ने समिति की मदद से अस्पताल में भर्ती करवाया है। मीना पत्नी गणेश ने बताया कि वह मूलरूप से उत्तर प्रदेश की रहने वाली है। वह पिछले काफी समय से चंडीगढ़ मोहल्ला में किराये के मकान में रहते हैं। उसका पति हलवाई है, उसके दो बच्चे हैं और वह आठ माह की गर्भवती है।
    करीब एक माह पहले उसका पति उत्तर प्रदेश में किसी काम पर जाने की बात कहकर गया था, लेकिन वापस नहीं आया। मंगलवार देर रात मकान मालिक ने किराया अदा न करने पर महिला को घर से निकाल दिया। महिला महाराणा प्रताप मार्केट में बच्चों संग बैठी थी। राहगीरों ने उसे बच्चों संग भटकता देख इसकी सूचना 112 हेल्पलाइन व 108 एंबुलेंस को दी। सूचना मिलने पर एएसआइ पप्पूराम, नर सेवा नारायण सेवा समिति से बिट्टू नरूला व अन्य लोग पहुंचे और महिला से उसकी परेशानी का कारण जाना, जिसने बताया कि गर्भवती होने के कारण उसकी हालत भी ठीक नहीं है, जिसे सरकारी अस्पताल में दाखिल करवाया गया है।

     

  • मुख्यमंत्री ने दून-अल्मोड़ा हेलीकॉप्टर सेवा’ का किया शुभारंभ

    मुख्यमंत्री ने दून-अल्मोड़ा हेलीकॉप्टर सेवा’ का किया शुभारंभ

    देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को ‘देहरादून-अल्मोड़ा हेलीकॉप्टर सेवा’ का शुभारम्भ किया। इसके साथ ही उन्हाेंने सहस्त्रधारा हैलीपोर्ट पर बने ‘पैसेंजर्स टर्मिनल भवन’ का भी लोकार्पण किया।
    इस मौके पर मुख्यमंत्री धामी के कहा कि प्रदेश में हवाई कनेक्टिविटी को सुदृढ़ करने के लिए तेजी से काम किया जा रहा है। देहरादून-अल्मोड़ा हेलीकॉप्टर सेवा शुरू होने से लोगों के लिए अल्मोड़ा आना-जाना अब आसान होगा।
    इस मौके पर केंद्रीय परिवहन राज्य मंत्री अजय टम्टा, पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज, वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल, मंत्री गणेश जोशी, रायपुर विधायक उमेश शर्मा काऊ सहित अन्य विभागीय अधिकारी मौजूद रहे।

  • लुधियाना में छह साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म फिर हत्या

    लुधियाना में छह साल की बच्ची के साथ दुष्कर्म फिर हत्या

    लुधियाना। शेरपुर स्थित फौजी कॉलोनी के साथ लगते रणजीत नगर में मंगलवार दोपहर छह वर्षीय बच्ची की दुष्कर्म के बाद तकिये से मुंह दबाकर हत्या कर दी गई। इसके बाद शव को कंबल में लपेट तीसरी मंजिल से साथ लगती फैक्ट्री की टीन की छत पर फेंक दिया। बच्ची के गिरने की आवाज सुनकर लोग इकट्ठा हो गए। घटना की सूचना पर एडीसीपी प्रभजोत सिंह विर्क, एसीपी जसविंदर सिंह, एसएचओ थाना मोती नगर, सीआइए और फारेंसिक टीम भी मौके पर पहुंची। शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भेज दिया। पुलिस ने अज्ञात पर हत्या और दुष्कर्म केस दर्ज कर छह लोगों को हिरासत में लिया है। वहीं, फॉरेंसिक टीम ने बच्ची के कपड़ों पर लगे खून और छत से सैंपल लिए हैं। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि बच्ची के साथ दुष्कर्म हुआ है। इसके बाद उसके मुंह पर तकिया रखकर सांस रोकी गई है, जिससे उसकी मौत हुई है। रणजीत नगर निवासी चितरंजन कुमार ने बताया कि बच्ची के माता-पिता बिहार के अरवल जिले के रहने वाले हैं। यहां वह एक वेहड़े में किराये पर रहते हैं। परिवार में दो बेटियां एक छह साल, दूसरी ढाई वर्ष की है, जबकि बेटा दस वर्ष का है। माता-पिता निजी फैक्ट्री में नौकरी करते हैं। दोनों सुबह साढ़े आठ बजे ढाई वर्षीय बेटी को साथ लेकर काम पर चले गए थे। वेहड़े के कमरे में अपनी दादी के पास बेटा और बेटी थे। दोपहर में दोनों बच्चे कमरे के बाहर ही खेल रहे थे। भाई कुछ देर के लिए कमरे में गया और जब बाहर आया तो बच्ची वहां नहीं थी। कुछ देर बाद वेहड़े के पीछे वाली फैक्ट्री की दूसरी मंजिल पर लगे टीन की छत पर कुछ गिरने की आवाज आई। जब वहां काम कर रही महिलाओं ने कंबल हटाकर देखा तो बच्ची का अर्धनग्न शव पड़ा था।
    जिस वेहड़े में बच्ची का परिवार रहता है वह तीन मंजिला है। वेहड़े में 314 क्वार्टर हैं, जिसमें करीब 450 लोग रहते हैं। सभी किरायेदार पुलिस के रडार पर हैं। पुलिस को घटनास्थल से एक आधार कार्ड भी मिला है, लेकिन वह शख्स वहां मौजूद नहीं है। पुलिस ने मंगलवार को सात कैमरों की फुटेज को खंगाला है, जिसमें से कई अहम सबूत मिले हैं। बताया जा रहा है कि आरोपित की पहचान पुलिस को हो गई है। हालांकि पुलिस अभी खुलासा नहीं कर रही है। कुछ लोगों से पूछताछ की गई है। एसीपी जसबिंदर सिंह ने कहा कि आरोपित को जल्द काबू कर लिया जाएगा।

     

  • मुख्यमंत्री ने ओलम्पिक संघ की अध्यक्ष पीटी उषा से की भेंट, 38वें राष्ट्रीय खेल 28 जनवरी से उत्तराखंड में

    मुख्यमंत्री ने ओलम्पिक संघ की अध्यक्ष पीटी उषा से की भेंट, 38वें राष्ट्रीय खेल 28 जनवरी से उत्तराखंड में

    देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बुधवार को नई दिल्ली में भारतीय ओलम्पिक संघ की अध्यक्ष डॉ. पीटी उषा से भेंट की। 38वें राष्ट्रीय खेल 28 जनवरी से 14 फरवरी 2025 तक उत्तराखंड होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारा प्रयास होगा कि उत्तराखंड में होने वाले राष्ट्रीय खेलों का आयोजन अभी तक हुए राष्ट्रीय खेलों से बेहतर हो। इस दौरान मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि यह हमारे लिए सौभाग्य की बात है कि उत्तराखंड को 38वें राष्ट्रीय खेलों की जिम्मेदारी मिली है, इसके लिए उन्होंने भारतीय ओलम्पिक संघ की अध्यक्ष डॉ. पीटी उषा का आभार व्यक्त किया। मुख्यमंत्री ने पीटी उषा को बदरीनाथ और केदारनाथ के दर्शन के लिए भी आमंत्रित किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि 38वें राष्ट्रीय खेलों के आयोजन के लिए उत्तराखंड पूरी तरह से तैयार है। राष्ट्रीय खेलों के लिए राज्य में काफी इन्फ्रास्टक्चर बनकर तैयार है। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड में राष्ट्रीय खेलों का आयोजन भव्य तरीके से किया जाएगा। जिन राज्यों में पिछले राष्ट्रीय खेल हुए हैं, उनके अनुभवों के आधार पर भी राज्य में और अच्छे तरह से खेलों के आयोजन के लिए कार्य किए जाएंगे। उन्हाेंने कहा कि खेलों की अच्छी व्यवस्था के साथ ही खिलाड़ियों और देश भर से आने वाले लोगों के लिए उत्तराखंड मेंं होने वाले राष्ट्रीय खेल में बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड में राष्ट्रीय खेल के आयोजन से यहां के लोगों का मनोबल और प्रोत्साहन भी बढ़ेगा। उत्तराखंड को राष्ट्रीय खेलों के माध्यम से एक अच्छा मंच मिलेगा। हमारे उदीयमान खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का अच्छा अवसर मिलेगा। प्रस्तावित भारतीय ओलंपिक संघ की 25 अक्टूबर को आम सभा की बैठक में इसका पूरा कार्यक्रम जारी किया जायेगा। राष्ट्रीय खेलों के साथ ही विंटर नेशनल गेम का आयोजन भी उत्तराखंड में किया जाएगा। इस अवसर पर विशेष प्रमुख सचिव खेल अमित सिन्हा और स्थानिक आयुक्त अजय मिश्रा भी उपस्थित थे।

  • साइबर अटैक से उबरा उत्तराखंड, सभी सरकारी साइट्स अब सुचारू रूप से शुरू

    साइबर अटैक से उबरा उत्तराखंड, सभी सरकारी साइट्स अब सुचारू रूप से शुरू

    देहरादून। साइबर क्राइम दुनिया के लिए चुनौती बन गया है। पिछले दिनों उत्तराखंड में साइबर अटैक से पूरा सरकारी सिस्टम हिल गया था। राज्य में यह पहला साइबर अटैक था। इससे निपटने के लिए केंद्रीय एजेंसियों की मदद ली जा रही है। हालांकि अब सभी सरकारी विभागों के साइट्स सुचारू रूप से शुरू हो गए हैं। सभी डाटा सुरक्षित है। गनीमत है कि साइबर अटैक से कोई नुकसान नहीं हुआ है।
    पुलिस महानिरीक्षक अपराध एवं कानून व्यवस्था नीलेश आनंद भरणे व पुलिस उप महानिरीक्षक एसटीएफ सेंथिल अब्दई कृष्ण राज. एस ने प्रदेश में हुए साइबर अटैक के संबंध में कोर्ट रोड स्थित सरदार पटेल भवन पर मंगलवार काे पत्रकारों से बातचीत की। उन्होंने बताया कि साइबर अटैक मामले में अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया है। दो मेल आईडी मिली हैं, जांच चल रही है। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि गत 2 अक्टूबर को दोपहर 2:45 से 2:55 बजे के बीच सीसीटीएनएस कार्यालय में थाने से प्रेषित सीसीटीएनएस प्रोजेक्ट से संबंधित शिकायतों का निस्तारण टेक्निकल टीम कर रही थी। उसी समय सीसीटीएनएस प्रोजेक्ट ने काम करना बंद कर दिया। अन्य सिस्टम पर चेक किया गया तो कोई भी सिस्टम काम नहीं कर रहा था। इस संबंध में आईटीडीए से जानकारी की गई तो आईटीडीए के सर्वर पर हैकिंग संबंधी मैसेज (नोट पैड) में सर्वर के प्रत्येक फोल्डर में प्रदर्शित हो रहा था, जिसमें संपर्क करने के लिए मेल आईडी दी गई थी और भुगतान के बाद डाटा सुरक्षित उपलब्ध कराए जाने से संबंधित मैसेज लिखा था। इस संबंध में साइबर क्राइम पुलिस ने मुकदमा पंजीकृत किया है।अधिकारियाें ने मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ को आवश्यक निर्देश दिए। इस पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ नवनीत सिंह ने एक स्पेशल टीम का गठन किया। इसमें पुलिस उपाधीक्षक अंकुश मिश्रा, निरीक्षक विकास भारद्वाज, उपनिरीक्षक राजीव सेमवाल, हेड कांस्टेबल संदेश यादव, कांस्टेबल कादर खान शामिल किए गए। एसटीएफ की साइबर थाने की टीम ने विभिन्न डिजिटल लॉग, साक्ष्य संरक्षित करने की प्रणाली एवं वायरस की फाइल को सफलतापूर्वक रिकवर कर लिया है। साथ ही प्रांरभिक विश्लेषण में वायरस आने का तकनीकी कारण भी विवेचना में सम्मिलित किया जा रहा है। जो तकनीकी उपकरण की वर्चुअल मशीन है उसकी फॉरेंसिक विश्लेषण के लिए कॉपी भेजी जाएगी। आईटीडीए के साइबर विश्लेषकों के साथ वर्तमान साइबर ढांचे को सफलतापूर्वक सुदृढ़ कर लिया गया है। एसटीएफ टीम ने आईटीडीए के कर्मियों के साथ निरंतर समन्वय स्थापित कर हो सकने वाली हानि को रोक दिया है। भविष्य के लिए इस प्रकार के वायरस के आने के कारण को ढूंढकर सूचना प्रौद्यौगिकी प्रणाली को बेहतर करने में सहायता मिलेगी।
    केंद्रीय एजेंसियों की ली गई मदद
    मामले की जटिलता को देखते हुए भारत की विभिन्न केंद्रीय एजेंसी गृह मंत्रालय, एनआईए, सीईआरटी-आईएन, एनसीआईआईपीसी आदि से समन्वय स्थापित कर उनकी टीम भी सहयोग के लिए मौके पर पहुंची है। इनकी से अब सभी सरकारी साइट्स सुचारू रूप से शुरू हो गए हैं।

  • संगरूर में किसानों को पराली न जलाने के लिए जागरूक किया गया

    संगरूर में किसानों को पराली न जलाने के लिए जागरूक किया गया

    अमरगढ़। पराली जलाने न जलाने संबंधी किसानों को जागरूक करने के लिए चलाई मुहिम के तहत मंगलवार को सब डिवीजन अमरगढ़ के गांव रायपुर में किसान सिखलाई व जागरूकता कैंप लगाया गया।
    इस अवसर पर एसडीएम अमरगढ़ सुरिंदर कौर ने शामिल हुए किसानों को पराली न जलाने हेतु प्रेरित किया। खेतीबाड़ी विकास अधिकारी डा. नवदीप कुमार ने कहा कि पंजाब सरकार द्वारा पराली के हल के लिए भारी सब्सिडी पर मशीनें मुहैया करवाई जा रही हैं, इनमें बेलर, हैपी सीडर, चौपर, स्ट्रा रीपर शामिल है।

    खेतीबाड़ी विभाग व सहिकारिता विभाग के अधिकारी गांव में सहकारी सभा के पास उपलब्ध मशीनरी की जानकारी किसानों को दे रहे है, ताकि किसान अधिक से अधिक लाभ उठा सकें। इस दौरान खेतीबाड़ी अधिकारी ने किसानों को मिट्टी की गुणवता, खाद व पराली प्रबंधन संबंधी बताया।उधर जिला संगरूर के दिड़बा इलाके में डिप्टी कमिश्नर संदीप ऋषि द्वारा गांव मौड़ा, गुजरां, खनाल कलां, लाडबंजारा में जाकर किसानों को जागरूक किया। किसानों को बताया कि पराली के धुंए से जहां प्रदूषण होता है, वहीं सेहत पर बुरे असर होते हैं। ऐसे में खेतीबाड़ी व किसान भलाई विभाग द्वारा किसानों को लगातार गांव में जाकर जागरूक किया जा रहा है।
    डीसी संगरूर संदीप ऋषि ने कहा कि पराली जलाने से मिट्टी की उपजाऊ शक्ति कम होती है। इसलिए इसे जलाने से बचना चाहिए। इस मौके एसडीएम राजेश कुमार शर्मा, तहसीलदार सुमित ढिल्लों, बीडीपीओ जसविंदर सिंह, एसएचओ कमलदीप सिंह, हरविंदर सिंह, लखवंत सिंह, गुरवीर सिंह आदि मौजूद थे।

  • पंजाब में आआपा सांसद के ठिकानों पर ईडी की छापेमारी

    पंजाब में आआपा सांसद के ठिकानों पर ईडी की छापेमारी

    चंडीगढ़। प्रवर्तन निदेशालय की टीमों ने सोमवार सुबह आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजीव अरोड़ा तथा पंजाब के पूर्व मंत्री भारत भूषण आशु के करीबी व फाइनेंसर हेमंत सूद के आवास पर छापा मारा। ईडी की टीमों ने सांसद के आवास व अन्य ठिकानों पर कई घंटे सर्च किया। सूत्रों के अनुसार ट्रांसपोर्ट टेंडर घोटाले में भारत भूषण आशु का नाम आने के बाद ईडी ने मामले की जांच की। विदेशी लेन-देन को हेमंत सूद से जोड़ कर देखा जा रहा है। ईडी की टीम राज्यसभा सांसद अरोड़ा और हेमंत सूद से पूछताछ कर रही है। उनकी संपत्तियों का रिकॉर्ड जुटाया जा रहा है। परिवार के सभी मोबाइल फोन बंद करवा दिए गए हैं।

    ईडी की जांच के बाद राज्यसभा सांसद संजीव अरोड़ा ने सोशल मीडिया पर इसकी जानकारी दी है। उन्होंने सोशल मीडिया एक्स पर लिखा, ‘मैं एक इज्जतदार नागरिक हूं। तलाशी क्यों ली जा रही है, इसके बारे में मुझे कुछ पता नहीं है, लेकिन मैं विश्वास दिलाता हूं कि एजेंसीज के साथ जांच में पूरा सहयोग करूंगा। उनके हर सवाल का जवाब दूंगा।’

  • फ्रांस में विश्व रेंजर कांफ्रेंस में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे उत्तराखंड के आशीष, वनकर्मियों के लिए बनेंगे मिसाल

    फ्रांस में विश्व रेंजर कांफ्रेंस में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे उत्तराखंड के आशीष, वनकर्मियों के लिए बनेंगे मिसाल

    हरिद्वार। फ्रांस में 10वीं विश्व रेंजर कांफ्रेंस में उत्तराखंड के आशीष गौड़ भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। सात से 11 अक्टूबर तक चलने वाली इस कांफ्रेन्स में फ्रंटलाइन स्टाफ से जुड़े वनकर्मी शिरकत करेंगे। आशीष गौड़ वर्तमान में राजाजी टाइगर रिजर्व की मोतीचूर रेंज में अनुभाग अधिकारी के पद पर कार्यरत हैं। कई कठिन मानकों को सफलता पूर्वक पार करने के बाद उनका इस कांफ्रेंस के लिए चयन हुआ है। भारत से वे एकमात्र प्रतिनिधि हैं। रविवार देर शाम मोतीचूर रेंज अधिकारी महेश सेमवाल, डिप्टी रेंजर दिनेश डूंगरियाल व अन्य स्टाफ ने उन्हें शुभकामनाओं के साथ फ्रांंस के लिए रवाना किया।
    वर्ष 2011 में वन सेवा से जुड़े आशीष गौड़ ने वन्यजीव संरक्षण में अहम भूमिका निभाई है। चीला रेंज में तैनाती के दौरान बाघों व जंगली गजराजों के संरक्षण को लेकर बेहतरीन टीम वर्क किया है। वहीं मोतीचूर रेंज में बाघों के ट्रांसलोकेशन व मॉनिटरिंग में भी अहम भूमिका निभाई है। हाल ही में हल्द्वानी में वन आरक्षी ट्रेनिंग में प्रथम स्थान पाने के साथ स्वर्ण पदक भी हासिल किया है।
    राजाजी टाइगर रिजर्व के पूर्व निदेशक सनातन सोनकर ने कहा कि आशीष द्वारा बाघों व गजराजों के संरक्षण को लेकर किए गए बेहतरीन कार्यों एवं कर्मठता को देखते हुए उन्हें फ्रांस भेजा गया है। यह गर्व की बात है कि विदेश में वह देश का प्रतिनधित्व कर रहे हैं। वन्यजीव संरक्षण व संवर्धन में कर्मठता से कार्य करने वाले अन्य वन्यकर्मियों के लिए आशीष मिसाल बनेंगे।
    पूर्व में राजाजी पार्क के निदेशक रहे, वर्तमान में कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के निदेशक साकेत बडोला ने कहा कि आशीष खासकर टाइगर ट्रांसलोकेशन और टाइगर प्रोटेक्शन के लिए मेहनती व ईमानदार कार्मिक रहे हैं। टाइगर मॉनिटरिंग में आशीष का बड़ा योगदान विभाग के लिए रहा है।

  • युवा पीढ़ी को भारतीय मूल्यों से परिचित करा रही विद्या भारती: मुख्यमंत्री

    युवा पीढ़ी को भारतीय मूल्यों से परिचित करा रही विद्या भारती: मुख्यमंत्री

    देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि विद्या भारती युवा पीढ़ी को भारतीय मूल्यों से परिचित करा रही है। आज विद्या भारती देश के कोने-कोने में कर्णधारों को शिक्षा दिलाने के साथ ही संस्कारवान और योग्य नागरिक बना रही है। विद्या भारती का उद्देश्य केवल शिक्षा ही नहीं बल्कि देश में संस्कृति और संस्कारों को समावेशित कर विश्व पटल पर अपनी पहचान को बनाए रखना है।
    मुख्यमंत्री धामी रविवार को गोवर्धन सरस्वती विद्या मंदिर, सुमन नगर, धर्मपुर में विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान, उत्तराखंड के एक कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री ने यहां उत्तराखंड बोर्ड परीक्षा—2024 की हाईस्कूल और इण्टरमीडिएट की परीक्षा में विद्या मंदिर के शीर्ष 10 स्थान प्राप्त करने वाले छात्र-छात्राओं को सम्मानित भी किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने गोवर्धन सरस्वती विद्या मंदिर, इण्टर कॉलेज सुमन नगर, धर्मपुर में भवन निर्माण के लिए 60 लाख रुपये देने की घोषणा की।
    इस मौके पर मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद से अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने के साथ ही युवा पीढ़ी को भारतीय मूल्यों से परिचित कराने और भारतीय संस्कृति के अनुरूप उनको शिक्षित करने की दिशा में लगातार काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि बच्चों को किताबी ज्ञान ही नहीं बल्कि योग्य नागरिक बनाने की दिशा के लिए संस्थान का कार्य कर रहा है। बच्चे संस्कारित और सुशिक्षित हो रहे हैं। विद्यार्थियों को देशभक्ति,स्वदेशी चिंतन, सामाजिक समरसता,पर्यावरण संरक्षण और समसामयिक महत्वपूर्ण विषयों पर जागरूक किया जा रहा है।
    मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड में विद्या भारती की ओर से पांच सौ से भी अधिक विद्यालय संचालित किये जा रहे हैं, जिनमें प्रदेश में एक लाख से भी अधिक विद्यार्थी शिक्षा ग्रहण कर रहे हैं। इसके साथ ही विद्या भारती की ओर से आदिवासी बहुल क्षेत्रों और राज्य के सीमांत क्षेत्रों में भी सैकड़ों विद्यालय खोले गये हैं। भारत सरकार की ओर से विद्या भारती के सात स्कूलों को सैनिक स्कूल के रूप में स्थापित करने के लिए चयनित करना प्रसन्नता का विषय है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज पूरा विश्व हमारी सनातन संस्कृति को स्वीकार कर रहे हैं। विद्यार्थियों और युवाओं के उत्थान के लिए राज्य सरकार विभिन्न क्षेत्रों में अनेक कार्य कर रही है। प्रदेश की शिक्षा व्यववस्था को और अधिक आधुनिक, व्यावहारिक और सुदृढ़ बनाने के लिए नीतिगत निर्णय लिये गये हैं। राज्य के सरकारी स्कूलों में बड़ी संख्या में स्मार्ट क्लासों की स्थापना की जा रही है। कक्षा 01 से लेकर 12 तक विद्यार्थियों को निःशुल्क पाठ्य पुस्तकें और कक्षा 01 से 08 तक पाठ्य पुस्तकों के साथ ही बैग और जूते भी उपलब्ध कराये जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री मेधावी छात्र प्रोत्साहन योजना के तहत हजारों मेधावी विद्यार्थियों को प्रतिमाह छात्रवृत्ति देने का भी प्रावधान किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस बार के बजट में राज्य सरकार ने युवा कल्याण,तकनीकि शिक्षा और उच्च शिक्षा के लिए 1700 करोड़ से भी अधिक धनराशि का प्राविधान किया है। उन्होंने कहा कि हमारी कैबिनेट ने दून विश्वविद्यालय में सेंटर फॉर हिंदू स्टडीज की पढ़ाई करवाने का निर्णय लिया है।
    इस अवसर पर शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत, विधायक उमेश शर्मा काऊ,आरएसएस के प्रांत प्रचारक डॉ. शैलेन्द्र, भारतीय शिक्षा समिति के मंत्री डॉ. रजनीकांत शुक्ल, शिशु शिक्षा समिति के अध्यक्ष सुरेन्द्र मित्तल सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित थे।

  • लुधियाना में स्कूल को बम से उड़ाने की धमकी

    लुधियाना में स्कूल को बम से उड़ाने की धमकी

    चंडीगढ़ । पंजाब के लुधियाना में शनिवार काे आदर्श सीनियर सेकेंडरी स्कूल को बम से उड़ाने की धमकी ई-मेल से भेजी गई। सूचना मिलते ही लुधियाना सदर थाना पुलिस पहुंची। यह ई- मेल प्रिंसिपल को भेजा गया। इसके बाद स्कूल में छुट्टी कर सारे परिसर की तलाशी ली गई।
    पुलिस के अनुसार, प्रिंसिपल को भेजे गए ई-मेल कहा गया कि उनके स्कूल को 5 अक्टूबर को बम से उड़ा दिया जाएगा। जिस मोबाइल नंबर से ई-मेल भेजा गया, वह बिहार का है। एसीपी हरजिंदर सिंह की टीम ने इस संबंध में एक 15 साल के किशोर को हिरासत में लिया है। यह ई-मेल जिस नंबर से जनरेट हुआ, वह नंबर ऑन मिसा। इसके आधार पर पुलिस ने किशोर को हिरासत में लिया।