दिल्ली-एनसीआर में तेज बारिश और आंधी का कहर: मौसम ने बदली करवट, उड़ानें भी हुईं प्रभावित

दिल्ली-NCR में तूफानी बारिश ने मचाई तबाही!-शनिवार रात हुई जोरदार बारिश ने दिल्ली-एनसीआर में हाहाकार मचा दिया। तेज हवाओं और आंधी के साथ हुई बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया।
शहर डूबा पानी में-रात लगभग 1 बजे अचानक शुरू हुई बारिश ने लोगों की नींद उड़ा दी। नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और फरीदाबाद जैसे इलाकों में सड़कें पानी से भर गईं, जिससे भारी जाम लग गया। कई गाड़ियाँ पानी में डूब गईं और पेड़ गिरने से और भी परेशानियाँ बढ़ गईं। बारिश से पहले की भीषण गर्मी से लोगों को थोड़ी राहत मिली, लेकिन जलभराव ने नई मुसीबतें खड़ी कर दीं। घरों में पानी घुसने की भी खबरें आईं, जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
हवाई अड्डे पर उड़ानें प्रभावित-दिल्ली एयरपोर्ट पर भी इस तूफान का असर दिखा। 100 से ज़्यादा उड़ानें प्रभावित हुईं, कई रद्द कर दी गईं और कुछ को दूसरे एयरपोर्ट पर डायवर्ट किया गया। एयरलाइंस ने यात्रियों को सलाह दी कि वे अपनी उड़ान की स्थिति की जांच करें। यात्रियों को काफी परेशानी हुई क्योंकि उन्हें अपनी यात्रा के बारे में अनिश्चितता का सामना करना पड़ा। अचानक बदले मौसम ने यात्रा योजनाओं को बुरी तरह प्रभावित किया।
मौसम विभाग की चेतावनी-भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने पहले ही 60-100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाओं और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की थी। IMD के रडार में दिखा Bow Echo जो एक गंभीर तूफान का संकेत है। हालांकि, विभाग की चेतावनी के बावजूद, तूफान के प्रभाव से शहर के लोग काफी प्रभावित हुए। इससे साफ पता चलता है कि तूफान की तीव्रता अनुमान से कहीं ज़्यादा थी।
पश्चिमी विक्षोभ का असर और मानसून की जल्दी एंट्री-मौसम विभाग के अनुसार, यह तूफान पश्चिमी विक्षोभ के कारण आया है। इसके अलावा, इस साल मानसून 16 साल बाद समय से पहले केरल पहुँच गया है, जिससे वहाँ भी भारी बारिश और तेज हवाओं से तबाही मची हुई है। दिल्ली-एनसीआर में भी रेड अलर्ट जारी किया गया था। मानसून के जल्दी आने से कई जगहों पर बाढ़ और अन्य प्राकृतिक आपदाओं का खतरा बढ़ गया है।
आगे क्या?-अगले कुछ दिनों तक दिल्ली-एनसीआर में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। लोगों को सलाह दी जाती है कि वे सावधानी बरतें और मौसम की जानकारी पर नज़र रखें।




