मध्यप्रदेश
Trending

गाय को राष्ट्रमाता बनाने की मांग फिर ज़ोरों पर, शंकराचार्य की पदयात्रा से शुरू हुई नई मुहिम

 गौ माता की रक्षा: दिल्ली तक पदयात्रा-एक अद्भुत यात्रा शुरू हुई है जो नरसिंहपुर से दिल्ली तक चलेगी, जिसका मकसद है गायों की रक्षा और उनकी घटती संख्या पर चिंता जताना।

 देसी गायों की घटती संख्या: एक चिंता का विषय-आजकल देसी गायों की कई नस्लें खत्म होने के कगार पर हैं। कभी युधिष्ठिर के पास हज़ारों नस्लों की गायें थीं, आज उनकी संख्या बहुत कम हो गई है। अगर हमने गायों की रक्षा नहीं की, तो आने वाली पीढ़ियां इन्हें सिर्फ़ किताबों में ही देख पाएंगी।

 सरकार की उदासीनता: एक कठोर सच्चाई-सरकार से कई बार आग्रह किया गया है कि वो देसी गायों की 53 नस्लों को बचाने में मदद करे, लेकिन अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। यह चिंताजनक है और दिखाता है कि गायों के संरक्षण के प्रति कितनी कम गंभीरता है।

 वोट देना है तो गौ-रक्षा का वादा मांगें-हम सबको उन नेताओं को वोट देना चाहिए जो गायों की सुरक्षा का वादा करते हैं। गौ-हत्या एक बहुत बड़ा पाप है और हमें इसे रोकना होगा।

 धर्म और राजनीति का संगम-यह पदयात्रा सिर्फ़ धार्मिक नहीं, बल्कि राजनीतिक भी है। इससे राजनीतिक पार्टियों पर दबाव बनेगा कि वो अपने चुनावी वादों में गौ-संरक्षण को शामिल करें।

 प्रधानमंत्री से मुलाकात: राष्ट्रमाता का दर्जा-यह यात्रा दिल्ली में प्रधानमंत्री से मिलेगी और उनसे गायों को ‘राष्ट्रमाता’ का दर्जा देने का आग्रह करेगी। यह एक ऐतिहासिक कदम होगा जो गायों की रक्षा में मदद करेगा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button