
बैंकिंग क्षेत्र में खुशखबरी: होम, ऑटो और पर्सनल लोन पर ब्याज दरों में कमी-जी हाँ, आपने सही सुना! महंगाई में कमी और रेपो रेट में बदलाव के बाद, एक बड़े प्राइवेट बैंक ने अपने ग्राहकों को बड़ी राहत दी है। होम, ऑटो और पर्सनल लोन की ब्याज दरों में कटौती की गई है, जिससे लाखों लोगों को EMI का बोझ कम करने में मदद मिलेगी।
ब्याज दरों में कितनी कमी आई है?-बैंक ने होम लोन पर ब्याज दरों में 0.25% से 0.50% तक की कमी की है। इससे 50 लाख रुपये के लोन पर EMI में 750 से 1200 रुपये तक की बचत होगी। ऑटो लोन पर भी ब्याज दरों में कमी आई है, जो अब 9.30% से शुरू हो रही है। पर्सनल लोन पर भी राहत मिली है, नई ब्याज दर 11.25% से शुरू होगी। यह कमी सेल्फ-एम्प्लॉयड और सैलरीड दोनों ग्राहकों को फायदा पहुंचाएगी।
कब से लागू होंगी नई दरें?-ये नई ब्याज दरें 9 जुलाई 2025 से लागू होंगी। जिन ग्राहकों ने पहले से लोन लिया हुआ है और उनकी ब्याज दरें फ्लोटिंग हैं, उन्हें भी अगली रीसेट डेट पर इसका फायदा मिलेगा। इससे पुराने ग्राहकों को भी राहत मिलेगी।
इस कदम के पीछे क्या वजह है?-इस फैसले के पीछे दो मुख्य कारण हैं: पहला, खुदरा महंगाई दर में कमी (जून 2025 में 2.6% तक) और दूसरा, RBI द्वारा रेपो रेट में कमी। इन दोनों कारणों से बैंकों के लिए कर्ज देना सस्ता हुआ है, जिससे उन्होंने ब्याज दरों में कमी की है।
किन ग्राहकों को सबसे ज्यादा फायदा होगा?-इस कमी से सबसे ज्यादा फायदा उन ग्राहकों को होगा जिनका लोन फ्लोटिंग रेट पर है या जो नया लोन लेना चाहते हैं। जो ग्राहक अपने पुराने लोन का बैलेंस ट्रांसफर करना चाहते हैं, वे भी इसका फायदा उठा सकते हैं। सेल्फ-एम्प्लॉयड लोगों को सस्ते पर्सनल लोन मिलने का मौका मिलेगा।
EMI कम होने पर निवेश के नए अवसर-EMI कम होने से आप अपनी बचत बढ़ा सकते हैं और निवेश के नए अवसर तलाश सकते हैं। लेकिन याद रखें, बिना रिसर्च किए निवेश न करें। पिछले रिटर्न के आधार पर फैसला न लें और बहुत ज्यादा रिटर्न की उम्मीद न रखें। एक अच्छी फाइनेंशियल प्लानिंग बनाएं और अपनी कमाई, खर्च और निवेश में संतुलन बनाए रखें।



